समस्तीपुर में भाजपा बूथ अध्यक्ष की दिनदहाड़े हत्या, चार हमलावरों ने बरसाईं गोलियां; थानाध्यक्ष निलंबित
समस्तीपुर। समस्तीपुर जिले के खानपुर थाना क्षेत्र में बुधवार शाम उस वक्त अफरातफरी मच गई, जब भाजपा संगठन से जुड़े एक बूथ अध्यक्ष की गोली मारकर हत्या कर दी गई। बाइक पर सवार अपराधियों ने वारदात को अंजाम दिया और फायरिंग के बाद मौके से फरार हो गए। इस सनसनीखेज घटना ने इलाके में दहशत फैला दी है।
घटना खानपुर थाना क्षेत्र के शादीपुर घाट के पास की बताई जा रही है। मृतक की पहचान 30 वर्षीय रूपक कुमार के रूप में हुई है। जानकारी के अनुसार, रूपक कुमार अपने घर के बाहर टहल रहे थे, तभी अचानक बाइक से पहुंचे चार अपराधियों ने उन पर ताबड़तोड़ गोलियां चला दीं। रूपक को तीन से अधिक गोलियां लगीं और वे मौके पर ही गंभीर रूप से घायल हो गए।
प्रत्यक्षदर्शी वीरेंद्र महतो ने बताया कि वे शादीपुर घाट के पास स्थित हनुमान मंदिर की ओर जा रहे थे। इसी दौरान मंदिर के पास भीड़ देखी। पहले उन्हें किसी झगड़े की आशंका हुई, लेकिन पास पहुंचने पर पता चला कि रूपक कुमार को गोली मार दी गई है। इसके बाद वे तुरंत रूपक के घर पहुंचे और परिजनों को सूचना दी। आनन-फानन में परिजन उन्हें बाइक से खानपुर पीएचसी ले गए, जहां डॉक्टरों ने जांच के बाद उन्हें मृत घोषित कर दिया।
अस्पताल में परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल था। खानपुर पीएचसी के प्रभारी चिकित्सा पदाधिकारी डॉ. आरएन सिंह ने बताया कि अस्पताल पहुंचने से पहले ही रूपक की मौत हो चुकी थी। शरीर पर कई जगह गोलियों के निशान मिले हैं। कितनी गोलियां लगी हैं, इसकी पुष्टि पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट के बाद होगी।
घटना की सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और छानबीन शुरू की। घटनास्थल से पुलिस ने चार खोखे बरामद किए हैं। देर रात समस्तीपुर एसपी अरविंद प्रताप सिंह भी मौके पर पहुंचे और हालात का जायजा लिया। प्रारंभिक जांच में लापरवाही सामने आने पर खानपुर थानाध्यक्ष रंजीत चौधरी को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया गया है।
परिजनों के अनुसार, रूपक कुमार भाजपा संगठन में बूथ अध्यक्ष के पद पर कार्यरत थे। उनके भाई दीपक सहनी प्रखंड भाजपा कमेटी में मीडिया प्रभारी हैं। परिवार का कहना है कि रूपक का गांव के कुछ लोगों से विवाद चल रहा था। आरोप लगाया जा रहा है कि इस हत्याकांड में पप्पू चौधरी नामक व्यक्ति की संलिप्तता है, जो कथित तौर पर जनता दल यूनाइटेड से जुड़ा हुआ है और फिलहाल फरार है।
मृतक के भाई दीपक सहनी ने थानाध्यक्ष पर गंभीर आरोप लगाए हैं। उनका कहना है कि वे पहले भी पुलिस को विवाद की जानकारी दे चुके थे, लेकिन थानाध्यक्ष मामले को “मैनेज” करने की बात कह रहे थे। उन्होंने आरोप लगाया कि आरोपी शराब कारोबार से जुड़ा हुआ है और उसे संरक्षण मिल रहा था। इस हत्या के बाद स्थानीय लोगों और भाजपा कार्यकर्ताओं में भारी आक्रोश है। इलाके में तनाव का माहौल बना हुआ है। पुलिस ने आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए छापेमारी तेज कर दी है और पूरे मामले की जांच जारी है।
About The Author
